इराक के हाइपरमार्केट में लगी भीषण आग, 50 लोगों की जलकर दर्दनाक मौत
बगदाद, 17 जुलाई 2025 — इराक में बुधवार को एक हृदयविदारक घटना सामने आई जब राजधानी बगदाद के पास स्थित एक बड़े हाइपरमार्केट में अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। इस दर्दनाक हादसे में अब तक कम से कम 50 लोगों की जलकर मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि दर्जनों लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं।
घटना कैसे हुई?
स्थानीय समयानुसार दोपहर के आसपास, यह विशाल हाइपरमार्केट रोज़ाना की तरह ग्राहकों से भरा हुआ था। बताया जा रहा है कि अचानक एक इलेक्ट्रिक शॉर्ट सर्किट से आग लगी, जो मिनटों में पूरे मार्केट में फैल गई। इस मार्केट में प्लास्टिक, कपड़े और ज्वलनशील वस्तुओं की अधिकता होने के कारण आग ने बेहद तेजी से विकराल रूप ले लिया।
फंसे रह गए लोग, नहीं मिला बाहर निकलने का रास्ता
गवाहों के अनुसार, आग इतनी तेज थी कि लोगों को भागने का मौका ही नहीं मिला। कई लोग हाइपरमार्केट की ऊपरी मंजिलों पर फंसे रह गए और धुएं और लपटों के कारण दम घुटने से उनकी मौत हो गई। दमकल विभाग और बचाव दल मौके पर तत्काल पहुंचा, लेकिन आग की भयावहता इतनी अधिक थी कि बचाव कार्यों में भारी बाधाएं आईं।
प्रशासन और राहत कार्य
इराक के गृह मंत्रालय ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि राहत कार्य युद्धस्तर पर जारी है। दर्जनों दमकल गाड़ियाँ, बचावकर्मी, और एंबुलेंस तैनात की गई हैं। घायलों को बगदाद के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। कई की हालत गंभीर बनी हुई है, जिससे मरने वालों की संख्या और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
दोषियों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
इराकी प्रधानमंत्री ने इस दुखद घटना पर शोक व्यक्त करते हुए कहा है कि लापरवाही बरतने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रारंभिक जांच में सुरक्षा उपायों की भारी कमी पाई गई है। बताया जा रहा है कि इमारत में न तो पर्याप्त अग्निशमन व्यवस्था थी और न ही आपातकालीन निकासी के उचित मार्ग।
सरकार ने मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की घोषणा की है और साथ ही पूरे देश के सभी व्यावसायिक स्थलों की फायर सेफ्टी ऑडिट के आदेश दिए हैं।
जनता में रोष और शोक
इस भयावह हादसे से पूरे इराक में शोक की लहर है। सोशल मीडिया पर लोग सरकार की लापरवाहियों और ढीली सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर नाराज़गी जता रहे हैं। कई लोगों ने इसे प्रशासन की नाकामी करार दिया है, वहीं अन्य लोग मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जता रहे हैं।
निष्कर्ष
इराक के इस हाइपरमार्केट अग्निकांड ने न सिर्फ 50 से अधिक जानें लील लीं, बल्कि यह भी दिखा दिया कि यदि सुरक्षा मानकों को अनदेखा किया जाए तो एक सामान्य दिन भयावह त्रासदी में बदल सकता है। यह घटना उन सभी देशों और शहरों के लिए चेतावनी है जहां बड़ी-बड़ी इमारतों में लाखों लोग हर रोज आते-जाते हैं — और जिनकी सुरक्षा महज़ “कागज़ी इंतजामों” पर टिकी हुई है।
अब ज़रूरत है कि इराक़ ही नहीं, बल्कि पूरे विश्व में सार्वजनिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी जाए — ताकि एक और हाइपरमार्केट किसी और के लिए कब्रगाह न बन जाए।